महू,धरमपुरी और बांक में मौके पर मिला न्याय; खेत का रास्ता खुलवाया,महिला को हाथों-हाथ मिला मृत्यु प्रमाण-पत्र
इंदौर। इंदौर जिला प्रशासन ने शुक्रवार को महू, सांवेर के धरमपुरी और मल्हारगंज तहसील के ग्राम बांक में विशेष राजस्व जनकल्याण शिविर लगाए। कलेक्टर शिवम वर्मा के निर्देशन में आयोजित इन शिविरों में ग्रामीणों को गांव में ही राजस्व सेवाएं उपलब्ध कराई गईं और वर्षों से लंबित मामलों का मौके पर निराकरण किया गया। तीनों शिविरों में 370 से अधिक राजस्व एवं अन्य प्रकरणों का त्वरित समाधान कर लोगों को राहत दी गई।
महू में आयोजित शिविर में अपर कलेक्टर रिकेंश वैश्य,एसडीए परमार और तहसीलदार विवेक सोनी की मौजूदगी में 209 प्रकरणों का निराकरण हुआ। इनमें 185 नामांतरण,16 सीमांकन,एक बंटवारा और सात बटांकन शामिल रहे। वर्षों से लंबित एक जटिल मामले में हरीश शुक्ला की जमीन का नामांतरण किया गया,जबकि किसान उमेश पाठक के खेत तक जाने वाले रास्ते से अतिक्रमण हटवाकर उनकी तीन-चार साल पुरानी समस्या का समाधान कराया गया।
सांवेर के धरमपुरी में आयोजित शिविर में 85 से अधिक प्रकरणों का निराकरण किया गया। नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन,फार्मर रजिस्ट्री,मुख्यमंत्री हेल्पलाइन और जनसुनवाई से जुड़े मामलों का मौके पर समाधान कर हितग्राहियों को आवश्यक दस्तावेज भी सौंपे गए। अधिकारियों ने शिविर के दौरान वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।
वहीं ग्राम बांक में 75 से अधिक मामलों का निराकरण किया गया। यहां एक महिला को अपने पति मोहम्मद अली का मृत्यु प्रमाण-पत्र नहीं मिलने की समस्या थी। अधिकारियों ने तत्काल जांच कर विसंगति दूर की और शिविर स्थल पर ही मृत्यु प्रमाण-पत्र उपलब्ध कराया। जिला प्रशासन ने कहा कि ऐसे शिविरों से ग्रामीणों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत मिल रही है और शासन के प्रति विश्वास भी मजबूत हो रहा है।