प्रशासन की त्वरित कार्रवाई, सभी बुजुर्गों को सुरक्षित आश्रमों में भेजा; नाबालिग बाल कल्याण समिति की सुपुर्दगी में
इंदौर। बाणगंगा क्षेत्र स्थित प्रेमाश्रय वृद्धाश्रम में एक नाबालिग द्वारा बुजुर्गों के साथ मारपीट का वीडियो सामने आने के बाद जिला प्रशासन ने तत्काल सख्त कार्रवाई की। कलेक्टर शिवम वर्मा के निर्देश पर एसडीएम मल्हारगंज, सामाजिक न्याय विभाग तथा महिला एवं बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की। प्रारंभिक जांच में आश्रम का संचालन बिना वैध अनुमति के पाए जाने पर उसे तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया।
प्रशासन ने आश्रम में रह रहे सभी बुजुर्गों को सुरक्षित रूप से मान्यता प्राप्त गणेश आश्रम, निराश्रित सेवाश्रम और आशा निलय में स्थानांतरित कराया। वहीं मारपीट करने वाले नाबालिग को संरक्षण एवं देखभाल के लिए बाल कल्याण समिति की सुपुर्दगी में सौंप दिया गया। सामाजिक न्याय विभाग ने आश्रम संचालिका नीलम दुबे के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही नगर निगम के भवन में आश्रम किस आदेश के तहत संचालित किया जा रहा था, इसकी भी जांच कराई जा रही है।
प्राथमिक जांच में सामने आया कि नाबालिग करीब पांच माह पहले अपनी मां के साथ आश्रम में रहने आया था। मां की मृत्यु के बाद वह वहीं रह रहा था। पुलिस के अनुसार उसकी मानसिक स्थिति सामान्य नहीं है। एक बुजुर्ग महिला से विवाद के बाद उसने डंडे से कई बुजुर्गों पर हमला कर दिया और बीच-बचाव करने वालों के साथ भी मारपीट की।
पुलिस ने स्पष्ट किया कि नाबालिग की मानसिक स्थिति को देखते हुए उसके विरुद्ध आपराधिक कार्रवाई नहीं की गई है। उसे विशेषज्ञ परामर्श और पुनर्वास के लिए बाल संरक्षण तंत्र को सौंप दिया गया है। जिला प्रशासन ने दो टूक कहा है कि वृद्धजनों की सुरक्षा, सम्मान और देखभाल के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही या अवैध संचालन को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।