← वापस
धार

LPG ई-केवाईसी के नाम पर साइबर ठगी का जाल: गैस कनेक्शन बंद करने का डर दिखाकर भेज रहे फर्जी लिंक

राजवाड़ा दर्पण
राजवाड़ा दर्पण
LPG ई-केवाईसी के नाम पर साइबर ठगी का जाल: गैस कनेक्शन बंद करने का डर दिखाकर भेज रहे फर्जी लिंक

राज्य साइबर सेल का अलर्ट; ओटीपी, बैंक और आधार की जानकारी मांगने वालों से रहें सावधान, अनजान लिंक पर क्लिक न करें

     धार। रसोई गैस की ई-केवाईसी प्रक्रिया के बीच साइबर ठगों ने नया तरीका अपनाकर उपभोक्ताओं को निशाना बनाना शुरू कर दिया है। गैस एजेंसी, ऑयल कंपनी या सरकारी अधिकारी बनकर ठग कॉल, एसएमएस, व्हाट्सऐप और ईमेल के जरिए फर्जी लिंक भेज रहे हैं। संदेश में दावा किया जाता है कि यदि तुरंत ई-केवाईसी नहीं कराई गई तो गैस कनेक्शन बंद कर दिया जाएगा। लिंक पर क्लिक करते ही उपभोक्ताओं से आधार, बैंक खाता, ओटीपी और अन्य गोपनीय जानकारी मांगी जाती है, जिसके बाद खातों से रकम निकाल ली जाती है।

       बढ़ते मामलों को देखते हुए राज्य साइबर सेल ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि गैस कंपनियां कभी भी फोन पर ओटीपी, बैंक विवरण या यूपीआई पिन नहीं मांगतीं। कई मामलों में ठग रिमोट एक्सेस ऐप डाउनलोड करवाकर मोबाइल का नियंत्रण भी अपने हाथ में ले लेते हैं।

      साइबर सेल ने सलाह दी है कि ई-केवाईसी केवल अपनी गैस एजेंसी या गैस कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट और मोबाइल ऐप के माध्यम से ही कराएं। किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें और ओटीपी, आधार, बैंक खाता, एटीएम पिन या यूपीआई पिन किसी के साथ साझा न करें। यदि कोई संदिग्ध कॉल, संदेश या लिंक प्राप्त हो तो तुरंत संबंधित गैस एजेंसी या कंपनी की आधिकारिक हेल्पलाइन पर संपर्क करें। इससे साइबर ठगी से बचा जा सकता है।

खबरें और भी हैं...