उज्जैन। नागपंचमी पर्व पर श्री नागचंद्रेश्वर मंदिर में उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने दर्शन व्यवस्था को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। रविवार को संभागायुक्त आशीष सिंह और कलेक्टर रोशन कुमार सिंह ने अधिकारियों के साथ दर्शन मार्ग से लेकर मंदिर परिसर तक व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। अफसरों ने मौके पर व्यवस्थाओं की कमियां देखीं और संबंधित अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए।
निरीक्षण की शुरुआत कर्कराज पार्किंग से हुई। यहां अधिकारियों ने श्रद्धालुओं से चर्चा कर पार्किंग और आवागमन की स्थिति जानी। इसके बाद पैदल दर्शन मार्ग से भील समाज धर्मशाला, गोंड बस्ती, चारधाम पार्किंग, हरसिद्धि चौराहा, बड़ा गणेश और हरसिद्धि पाल होते हुए पांच नंबर प्रवेश द्वार तक व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया।
संभागायुक्त और कलेक्टर ने विश्रामधाम, श्री नागचंद्रेश्वर मंदिर के रैंप, मार्बल गलियारे और मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की आवाजाही की व्यवस्था देखी। भीड़ नियंत्रण के लिए की गई बैरिकेडिंग और प्रवेश-निकास व्यवस्था पर विशेष फोकस रहा।
अधिकारियों ने निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं को दर्शन के दौरान किसी तरह की परेशानी नहीं हो। पूरे मार्ग पर पर्याप्त पेयजल, शौचालय, चिकित्सा सुविधा और आपातकालीन इंतजाम सुनिश्चित किए जाएं। भीड़ अचानक बढ़ने की स्थिति में तत्काल नियंत्रण के लिए अतिरिक्त व्यवस्थाएं तैयार रखने के निर्देश भी दिए गए।
निरीक्षण के दौरान मंदिर प्रशासक एवं अपर कलेक्टर प्रथम कौशिक, नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्रेयांश कुमावत, उप प्रशासक सत्यनारायण सोनी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।