हाउसिंग बोर्ड से सब्जी मंडी तक सड़कों पर पानी, कई जगह संपर्क प्रभावित; किसानों के चेहरों पर लौटी राहत
रायसेन। जिले में रविवार रात से शुरू हुई तेज बारिश ने सोमवार सुबह तक शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक जनजीवन प्रभावित कर दिया। रातभर हुई झमाझम बारिश से नदी-नाले उफान पर आ गए। शहर के कई निचले इलाकों में पानी भर गया, जबकि कुछ स्थानों पर सड़कें जलमग्न होने से लोगों को आवागमन में परेशानी उठानी पड़ी।
शहर के हाउसिंग बोर्ड, दशहरा मैदान, सब्जी मंडी, खेल मैदान, क्रिकेट मैदान, रामलीला मैदान, शीतल सिटी और वार्ड नंबर 15 सहित कई क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बनी। सुबह बारिश के बीच सड़कों पर पानी जमा होने से वाहन चालकों को भी परेशानी हुई। बारिश के बावजूद स्कूली बच्चे छाता और रेनकोट के सहारे स्कूल पहुंचे। वहीं शहर के एक निजी स्कूल ने नर्सरी से कक्षा दूसरी तक के विद्यार्थियों के लिए सोमवार को अवकाश घोषित कर दिया।
मड़िया बांध का पानी खेतों तक पहुंचा
ग्रामीण क्षेत्रों में भी बारिश का असर दिखाई दिया। बेगमगंज क्षेत्र के मड़िया बांध का पानी खेतों तक पहुंच गया। लगातार बारिश के चलते जिले के कई नदी-नाले उफान पर हैं। कुछ इलाकों में पानी बढ़ने से सड़क संपर्क भी प्रभावित हुआ है। प्रशासन और स्थानीय लोग जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं।
धान की फसल को मिली बड़ी राहत
कई दिनों से तेज बारिश का इंतजार कर रहे किसानों के लिए रविवार रात की बारिश राहत बनकर आई। खेतों में पर्याप्त पानी पहुंचने से धान की फसल को फायदा होने की उम्मीद है। बारिश नहीं होने के कारण कई क्षेत्रों में फसल सूखने की स्थिति में पहुंच रही थी। शुक्रवार से रुक-रुककर बारिश हो रही थी, लेकिन रविवार रात हुई तेज बारिश ने खेतों की प्यास बुझाई।
सामान्य बारिश से 678 मिमी पीछे रायसेन
1 जून से 9 अगस्त तक जिले में औसतन 518.74 मिमी बारिश दर्ज हुई है, जबकि इस अवधि में सामान्य बारिश 1197.10 मिमी होनी चाहिए थी। यानी जिला अभी भी सामान्य बारिश से 678.36 मिमी पीछे है। अब तक सामान्य बारिश की तुलना में सिर्फ 43.3% बारिश हुई है। पिछले साल इसी अवधि में 1055.50 मिमी बारिश दर्ज हो चुकी थी। इस लिहाज से इस साल अब तक पिछले वर्ष की तुलना में 536.76 मिमी कम बारिश हुई है।