तोता' पर गश्ती दल की सूचना लीक करने और अवैध लकड़ी परिवहन को संरक्षण के आरोप, वायरल वीडियो के बाद निष्पक्ष जांच की मांग
राजवाड़ा दर्पण इंदौर। वन विभाग के एक वाहन चालक जो रेस्क्यू टीम का हिस्सा है,जिसे विभागीय हलकों में कथित तौर पर 'तोता' के नाम से पुकारा जाता है, इन दिनों गंभीर आरोपों के चलते चर्चा में है। सोशल मीडिया पर उसका एक वीडियो वायरल होने के बाद पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठने लगी है। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई। सूत्रों के अनुसार संबंधित कर्मचारी के खिलाफ रेंजर से लेकर वरिष्ठ अधिकारियों तक कई शिकायतें पहुंच चुकी हैं। आरोप है कि वह विभाग की गश्ती टीम की गतिविधियों और अन्य गोपनीय सूचनाओं को कथित रूप से अवैध लकड़ी कारोबार से जुड़े लोगों तक पहुंचाता है,जिससे कार्रवाई से पहले ही उन्हें सतर्क होने का मौका मिल जाता है।
यह भी आरोप लगाए जा रहे हैं कि गश्ती के दौरान चालक तोता, अधिकारियों को उन स्थानों से दूर रखता है,जहां कथित रूप से अवैध लकड़ी का परिवहन और भंडारण होता है। वहीं, विभाग द्वारा जब्त लकड़ी और वाहनों से जुड़े मामलों में भी उसकी भूमिका पर सवाल उठाए जा रहे हैं। कुछ लोगों का दावा है कि लकड़ी मंडी बंद है फिर इतनी बड़ी मात्रा में आरा मशीनों पर लकड़ियां कहां से आ रहीं हैं और बड़े बड़े पीठे भरें है। जानकारी के मुताबिक,करीब दो माह पहले डीएफओ लाल सुधाकर सिंह के निर्देश पर विशेष गश्ती दल गठित किया गया था। इसके बावजूद अवैध परिवहन पर प्रभावी अंकुश नहीं लगने से विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि दिन और रात दोनों समय संदिग्ध गतिविधियां दिखाई देती हैं, जिनकी गंभीर जांच आवश्यक है। डीएफओ लाल सुधाकर सिंह ने कहा 'मामला मेरे संज्ञान में आया है। इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। यदि आरोप सही पाए गए तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आरा मशीनों के स्टॉक की भी जांच कराई जाएगी।'

वायरल वीडियो बना चर्चा का विषय
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो गुरूवार रात का बताया जा रहा है जो इन दिनों चर्चाओं का केंद्र बन गया। दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो लकड़ी मंडी के पुराने तोल कांटे के सामने का है, जिसमें वन विभाग का कथित 'तोता' अपनी बुलेट पर बैठकर सिगरेट के छल्ले उड़ाता दिखाई दे रहा है। स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि संबंधित चालक विभाग की रेस्क्यू टीम से जुड़ा है, लेकिन उसकी मौजूदगी अक्सर लकड़ी मंडी और आसपास के क्षेत्रों में देखी जाती है।
जीपीएस से खुल सकते हैं राज
चर्चा है कि सरकारी वाहन टाटा जीनोन चार पहिया जिसका नंबर MP-02-AV-6165 है इस वन विभाग के वाहन को कथित 'तोता' चलाता है, और रेस्क्यू के बहानें से विभाग से निकलता हैं।
उसमें जीपीएस सिस्टम लगा हुआ है और उसकी लोकेशन का रिकॉर्ड सीसीएफ पीएन मिश्रा के पास उपलब्ध रहता है। दावा किया जा रहा है कि यदि संबंधित वाहन की जीपीएस हिस्ट्री की निष्पक्ष जांच की जाए तो कई तथ्य सामने आ सकते हैं।