जांच में मिलीं गंभीर खामियां; सिग्नेचर बुटीक होटल से 3 और भावन्स स्कूल से 5 खाद्य नमूने लिए
इंदौर। खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता में लापरवाही बरतने वालों पर जिला प्रशासन ने सख्ती शुरू कर दी है। बुधवार को होटल सयाजी में औचक निरीक्षण के दौरान मिली गंभीर कमियों के बाद सयाजी होटल्स इंदौर लिमिटेड की खाद्य अनुज्ञप्ति निलंबित कर दी गई। शुक्रवार को प्रशासनिक अमले ने कार्रवाई करते हुए होटल के रसोईघर को सील कर दिया।
20 अगस्त को किए गए निरीक्षण में खाद्य पदार्थों के भंडारण, तापमान नियंत्रण, लेबल, कीट नियंत्रण, स्वच्छता, आधारभूत व्यवस्था और अनुज्ञप्ति से जुड़ी कई कमियां मिली थीं। इसके बाद अभिहित अधिकारी डॉ. माधव प्रसाद हासानी ने 21 अगस्त को खाद्य अनुज्ञप्ति निलंबित करने का आदेश जारी किया। आदेश के पालन में अनुविभागीय अधिकारी के निर्देशन में प्रशासनिक अमले ने रसोईघर सील कर दिया।
सिग्नेचर होटल में टूटा फर्श, तारीख भी नहीं मिली
इसी अभियान के तहत प्रशासन और खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने सिग्नेचर बुटीक होटल का औचक निरीक्षण किया। रसोईघर में फर्श टूटा मिला, जिससे संक्रमण का खतरा पाया गया। खाद्य पदार्थों के भंडारण की व्यवस्था भी उचित नहीं थी। कई खाद्य पदार्थों पर निर्माण और उपयोग की अंतिम तारीख अंकित नहीं मिली।
खाद्य कर्मचारियों के स्वास्थ्य परीक्षण प्रमाण-पत्र भी उपलब्ध नहीं थे। कर्मचारी टोपी और एप्रन जैसे जरूरी सुरक्षा उपकरणों का इस्तेमाल नहीं कर रहे थे। कीट नियंत्रण का वैध प्रमाण-पत्र भी प्रस्तुत नहीं किया जा सका। टीम ने सोयाबीन तेल, पनीर और मैदा के तीन नमूने जांच के लिए लिए। होटल प्रबंधन को सात दिन में जवाब देने का नोटिस दिया गया है।
भावन्स स्कूल से 5 नमूने लिए
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने भावन्स प्रमुख अंतरराष्ट्रीय विद्यालय, पिपलिया कुमार स्थित परिसर का भी निरीक्षण किया। यहां टमाटर सॉस, सिरका, लाल मिर्च सॉस, पाव और भाजी के पांच नमूने लिए गए।
निरीक्षण में खराब चॉपिंग बोर्ड, कर्मचारियों के स्वास्थ्य परीक्षण प्रमाण-पत्र का अभाव और खाद्य निर्माण में उपयोग होने वाले पानी की जांच रिपोर्ट उपलब्ध नहीं मिली। कुछ बर्तनों में जंग लगी थी। पिसाई मशीन के पास बर्तन साफ किए जा रहे थे।
सभी नमूने जांच के लिए खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे जा रहे हैं। जांच रिपोर्ट और निरीक्षण में मिली कमियों के आधार पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आगे कार्रवाई की जाएगी।